हिंदी विश्व में भारतीय अस्मिता की पहचान है। हिंदी भारत की राजभाषा,राष्ट्रभाषा से आगे विश्वभाषा बनने की ओर अग्रसर है।
Sunday, December 19, 2021
प्रभाकर श्रोत्रिय : हिंदी साहित्यकार
हिंदी हर युग में इस देश की आवाज़ रही है। आज उसके सामने एक और नयी पीढ़ी है, जिसके स्वप्न हरे हैं। वह त्वरित विश्व के साथ क़दम मिलाकर, बल्कि उससे भी आगे चलने को उत्सुक है। उसे अपनी भाषा में नवीनतम ज्ञान, प्रौद्योगिकी, सम्मान, आत्म निर्भरता समृद्धि, जीवन-यापन और उत्कर्ष के भरपूर अवसर मिलने चाहिए। - प्रभाकर श्रोत्रिय साहित्यकार प्रभाकर श्रोत्रिय की जयंती पर भावपूर्ण श्रद्धांजलि
Subscribe to:
Post Comments (Atom)
स्वामी दयानंद सरस्वती
आज 12 फरवरी है। स्वामी दयानंद सरस्वती जयंती है। आर्य समाज के प्रवर्तक और प्रखर सुधारवादी संन्यासी स्वामी दयानंद सरस्वती आधुनिक भारत के महान्...
-
आज महान देशभक्त, भारतरत्न, भूतपूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री जी की १२२ वीं जयंती है। भारत-पाक युद्ध में जय जवान! जय किसान! का उद्...
-
माननीय भारत गणराज्य के राष्ट्रपति माननीय प्रधानमंत्री, भारत माननीय मुख्यमंत्री, बिहार माननीय मुख्य सचिव, बिहार माननीय सांसद , सारण संसदी...
-
भारतीय डाक पत्तो प्रमुख आकर्षण रहे पिन कोड का युग अब नये रूप में आकार लेने को है । जी, हाँ अब आपके छ: अंकों के पिन कोड या डाक सूचकांक संख्य...
No comments:
Post a Comment